
5 राज्यों के चुनाव परिणाम 2026: पश्चिम बंगाल में ऐतिहासिक उलटफेर, असम में तीसरी बार BJP, पुडुचेरी में NDA की वापसी
नई दिल्ली/कोलकाता/गुवाहाटी, 4 मई 2026।
देश के पांच महत्वपूर्ण राज्यों के विधानसभा चुनाव परिणामों ने भारतीय राजनीति की दिशा बदलने वाले संकेत दिए हैं। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने राजनीतिक प्रभाव को और व्यापक किया है। विशेष रूप से पश्चिम बंगाल में BJP की ऐतिहासिक जीत ने पूरे देश का ध्यान आकर्षित किया है, जहां वर्षों से मजबूत मानी जाने वाली Mamata Banerjee की पार्टी TMC को करारी शिकस्त मिली। Narendra Modi ने इसे “गंगोत्री से गंगासागर तक कमल खिलने” का क्षण बताया।
पश्चिम बंगाल: ममता का गढ़ टूटा, BJP की ऐतिहासिक बढ़त
294 सीटों वाले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में BJP ने बहुमत से कहीं आगे निकलते हुए समाचार लिखे जाने तक लगभग 208 सीटों के आसपास बढ़त/जीत दर्ज कर सत्ता परिवर्तन का मार्ग प्रशस्त किया। TMC लगभग 79 सीटों तक सिमटती दिखाई दी। यह परिणाम बंगाल की राजनीति में सबसे बड़े बदलावों में गिना जा रहा है। भाजपा ने अवैध घुसपैठ, महिला सुरक्षा, विकास और संगठनात्मक मजबूती को मुख्य चुनावी मुद्दा बनाया।
असम: हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में लगातार तीसरी बार प्रचंड बहुमत
असम में Himanta Biswa Sarma के नेतृत्व में BJP ने लगातार तीसरी बार दो-तिहाई बहुमत हासिल किया। भाजपा ने लगभग 102 सीटों पर जीत/बढ़त बनाकर अपनी राजनीतिक पकड़ को और मजबूत किया। यह जीत राज्य में BJP के स्थायी राजनीतिक किले के रूप में देखी जा रही है। विकास, कल्याणकारी योजनाएं और मजबूत नेतृत्व इस विजय के प्रमुख कारण रहे।
पुडुचेरी: NDA की सत्ता में वापसी
पुडुचेरी में NDA गठबंधन ने सत्ता बरकरार रखते हुए पुनः सरकार बनाने की स्थिति मजबूत कर ली। N. Rangasamy के नेतृत्व में गठबंधन को स्पष्ट समर्थन मिला, जिससे दक्षिण भारत में BJP की रणनीतिक स्थिति और मजबूत हुई।
तमिलनाडु और केरल: मिश्रित परिणाम, लेकिन बढ़ी BJP की उपस्थिति
हालांकि तमिलनाडु और केरल में भाजपा पूर्ण सत्ता तक नहीं पहुंच सकी, लेकिन पार्टी ने अपने वोट शेयर और संगठनात्मक आधार में महत्वपूर्ण विस्तार किया। दक्षिण भारत में यह दीर्घकालिक राजनीतिक निवेश के रूप में देखा जा रहा है।
महिला मतदाता और मोदी फैक्टर बना निर्णायक
विश्लेषकों के अनुसार महिला मतदाताओं का समर्थन, केंद्र सरकार की योजनाएं, राष्ट्रवाद, कल्याणकारी कार्यक्रम और प्रधानमंत्री मोदी की लोकप्रियता इस विजय के प्रमुख स्तंभ रहे। मोदी ने इन परिणामों को भारत की संस्कृति, लोकतंत्र और विकास मॉडल की जीत बताया।
- इन चुनाव परिणामों के बाद BJP और NDA का प्रभाव देश के और अधिक राज्यों तक फैल गया है, जिससे 2029 के आम चुनावों के लिए पार्टी की स्थिति और मजबूत मानी जा रही है। विपक्षी गठबंधन के लिए यह परिणाम गंभीर राजनीतिक चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।
