*नगरीय निकायों में बीकानेर नगर निगम बने रोल मॉडल-श्री अरुण चतुर्वेदी, अध्यक्ष, राज्य वित्त आयोग*
*नगरीय निकायों की समीक्षा बैठक में बोले राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष श्री अरुण चतुर्वेदी*
*बीकानेर, चूरू व श्रीगंगानगर जिले के कलेक्टर समेत संभाग के चारों जिलों के नगरीय निकायों के अधिकारी हुए बैठक में शामिल*
*कचरे का संग्रहण, परिवहन व प्रसंस्करण का टेंडर एक ही कंपनी को देने का आया नहत्वपूर्ण सुझाव*
*नगरीय निकायों में स्टाफ लगाने, यूडी टैक्स की शत प्रतिशत वसूली के भी आए सुझाव*
बीकानेर, 13 मई। राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष श्री अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि नगरीय निकायों को कैसे स्वावलंबी बनाएं, इनकी आय को कैसे बढाया जाए। इसको लेकर पूरे राजस्थान के नगरीय निकायों में बीकानेर नगर निगम रोल मॉडल की भूमिका निभाए। श्री चतुर्वेदी गुरुवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में बीकानेर संभाग के चारों जिलों के नगरीय निकाय के अधिकारियों की समीक्षा बैठक में बोल रहे थे।
बैठक में बीकानेर पश्चिम विधायक श्री जेठा नंद व्यास, कोलायत विधायक श्री अंशुमान सिंह भाटी, श्रीमती सुमन छाजेड़, संभागीय आयुक्त श्री विश्राम मीणा, सप्तम वित्त आयोग के सदस्य सचिव श्री नरेश कुमार ठकराल, सलाहकार श्री हृदयेश कुमार जुनेजा, जिला कलेक्टर बीकानेर श्री निशांत जैन, चूरू कलेक्टर श्री अभिषेक सुराणा, श्रीगंगानगर कलेक्टर श्री अमित यादव,हनुमानगढ़ एडीएम श्री उम्मेदी लाल मीणा समेत निगम कमिश्नर श्री सिद्धार्थ पालानिचामी, अतिरिक्त संभागीय आयुक्त जसवंत सिंह, उपायुक्त नगर निगम श्री यशपाल आहूजा, कोषाधिकारी श्री धीरज जोशी समेत बीकानेर संभाग के चारों नगरीय निकायों के कमिश्नर, अधिशाषी अधिकारी उपस्थित थे।
*पश्चिमी राजस्थान में सोलर निभा सकता है महत्वपूर्ण भूमिका*
श्री चतुर्वेदी ने कहा कि देश में नागपुर समेत कई नगरीय निकाय ऐसे हैं जो राज्य और जिले को लोन तक देते हैं। ऐसे नगरीय निकायों से प्रेरणा लेकर संभाग के चारों जिलों के नगरीय निकाय फंड जनरेट करने को लेकर खुद के स्रोत विकसित करें। इसमें पश्चिमी राजस्थान में सोलर महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उन्होंने सड़कों और पार्कों में सोलर लाइट लगाने की बात कही।
*कचरे का संग्रहण, परिवहन व प्रसंस्करण का टेंडर एक ही कंपनी को*
श्री चतुर्वेदी ने कचरे के संग्रहण, परिवहन और प्रसंस्करण का टेंडर एक ही कंपनी को देने को लेकर आए सुझाव को अति महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इससे सफाई व्यवस्था सुदृढ़ होने के साथ साथ जिम्मेदारी भी एक ही कंपनी पर तय हो सकेगी। श्री चतुर्वेदी ने नए टॉयलेट विकसित के दौरान पिंक टॉयलेट उसी अनुपात में बनाने, बड़े शहरों में नाइट टूरिज्म को बढ़ावा देने, निकायों की खाली पड़ी भूमि को मेला ग्राउंड के रूप में विकसित करने, बारिश से पहले वाटर लॉगिंग की जगह चिन्हित कर एक-एक कर उनका समाधान करने हेतु निर्देशित किया।
*नगरीय निकायों के सभी सामुदायिक भवनों की हो ऑनलाइन बुकिंग*
बीकानेर पश्चिम विधायक श्री जेठानंद व्यास ने जिला मुख्यालय पर नगरीय निकाय के सभी सामुदायिकों भवनों की ऑनलाइन बुकिंग करने, नगर निगम की कब्जा ग्रस्त भूमि को खाली करवाने, मांस मीट की दुकानें मनचाहे स्थानों पर नहीं खोलने देने, मृत पशुओं का टेंडर उसी कंपनी को एक साल बढ़ाने की बजाय हर साल करने समेत विभिन्न सुझाव दिए।
*शहरों की ओर पलायन रोकने को लेकर गांवों में करना होगा विकास*
कोलायत विधायक श्री अंशुमान सिंह भाटी ने ग्रामीण क्षेत्र से शहरों की ओर पलायन रोकने को लेकर कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में ही इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित हो। इससे पूर्व सप्तम वित्त आयोग के सदस्य सचिव श्री नरेश कुमार ठकराल ने सप्तम वित्त आयोग की संरचना एवं कार्यविधि के बारे में विस्तृत जानकारी दी। बैठक में चूरू, श्रीगंगानगर जिला कलेक्टर ने और नगर निगम कमिश्नर बीकानेर व एडीएम हनुमानगढ़ ने प्रेजेंटेशन दिया। बैठक के आखिर में संभागीय आयुक्त श्री विश्राम मीणा ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
*बैठक में आए कई महत्वपूर्ण सुझाव*
बैठक में नगरीय निकायों को और सुदृढ़ करने को लेकर तीन जिलों के कलेक्टर समेत चारों जिलों के नगरीय निकायों के कमिश्नर व अधिशासी अधिकारियों ने महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए कचरा संग्रहण, परिवहन, प्रसंस्करण का टेंडर एक ही कंपनी को देने, आधुनिक सामुदायिक भवनों का निर्माण कर उन्हें पीपीपी मोड पर चलाने, नगरीय निकायों में स्टाफ की कमी को पूरा करते हुए कुशल स्टाफ लगाने, यूडी टैक्स की शत प्रतिशत वसूली और इसकी वसूली को लेकर वार्ड स्तर पर बिल सर्वेयर या बिल कलेक्टर लगाने, हर साल ऑडिट करने, होर्डिंग समेत अन्य कार्यों को लेकर डीएलबी के स्तर पर विभिन्न एजेंसी को इम्पैनल्ड करने, पूरे स्टेट की प्रॉपर्टी को एक पोर्टल पर लाने, सॉलिड वेस्ट ट्रीटमेंट को लेकर दो तीन जिलों के बीच क्लस्टर वाइज बड़े ट्रीटमेंट प्लांट लगाने समेत विभिन्न महत्वपूर्ण सुझाव आए।
