भारत राष्ट्र का गौरव बना बीकानेर मिलिट्री स्टेशन विशेष प्रशिक्षण, 50 सिविल डिफेंस स्वयंसेवक बने मास्टर ट्रेनर

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राष्ट्रीय सुरक्षा की तैयारी को नई मजबूती, बीकानेर में सेना ने 50 सिविल डिफेंस स्वयंसेवकों को दिया विशेष प्रशिक्षण

 

 

 

 

खतरों से बचाव, जीवन रक्षा और साइबर सुरक्षा की दी गई जानकारी, तीन दिवसीय मास्टर ट्रेनर प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न

 

 

अनुशासित वाणी,बीकानेर, 4 नवंबर 2026 राष्ट्रीय सुरक्षा और आपातकालीन परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को मजबूत करने के उद्देश्य से भारतीय सेना द्वारा राजस्थान राज्य के लिए आयोजित सिविल डिफेंस मास्टर ट्रेनरों का तीन दिवसीय विशेष पायलट प्रशिक्षण कार्यक्रम 03 नवंबर 2026 को बीकानेर मिलिट्री स्टेशन में संपन्न हुआ। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सिविल डिफेंस संगठन के कुल 50 स्वयंसेवकों ने भाग लिया।

 

तीन दिनों तक चले इस विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम में स्वयंसेवकों को विभिन्न प्रकार के संभावित खतरों के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ सुरक्षा उपायों, जीवन रक्षा (सर्वाइवल) और साइबर सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए मॉक ड्रिल और व्यावहारिक अभ्यास भी करवाए गए, ताकि आपातकालीन परिस्थितियों में स्वयंसेवक त्वरित, सतर्क और प्रभावी तरीके से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकें।

 

आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण

 

 

 

प्रशिक्षण कार्यक्रम में केवल सैद्धांतिक जानकारी तक सीमित न रहते हुए व्यावहारिक गतिविधियों पर भी विशेष जोर दिया गया। स्वयंसेवकों को सुरक्षा संबंधी चुनौतियों की पहचान करने, संभावित खतरों से बचाव करने और संकट के समय जीवन रक्षा के आवश्यक उपायों की जानकारी दी गई। इसके साथ ही वर्तमान समय में बढ़ते साइबर खतरों को देखते हुए साइबर सुरक्षा से जुड़े पहलुओं पर भी प्रशिक्षण दिया गया।

 

कार्यक्रम के दौरान आयोजित इंटरैक्टिव सत्रों में भारतीय सेना और सिविल डिफेंस संगठन के अधिकारियों ने आपातकालीन परिस्थितियों में बेहतर समन्वय स्थापित करने, जिम्मेदारियों के प्रभावी निर्वहन तथा विभिन्न विभागों के बीच तालमेल बढ़ाने को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए। इन सत्रों के माध्यम से प्रतिभागियों को आपसी सहयोग और बेहतर कार्यप्रणाली के महत्व से भी अवगत कराया गया।

 

सेना और सिविल डिफेंस के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर

 

इस तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सेना और सिविल डिफेंस संगठन के बीच समन्वय को बेहतर बनाना, दोनों संगठनों की आपसी कार्यक्षमता (इंटर-ऑपरेबिलिटी) को बढ़ाना तथा सुरक्षा संबंधी चुनौतियों से निपटने के लिए सामूहिक तैयारियों को मजबूत करना था।

 

इस पहल के माध्यम से सिविल और सैन्य संगठनों के बीच सहयोग की भावना को प्रोत्साहित करने के साथ राष्ट्रीय सुरक्षा में सभी संबंधित पक्षों की सहभागिता और सामूहिक क्षमता को बढ़ावा देने का प्रयास किया गया।

 

भारतीय सेना की यह पहल सिविल-सैन्य सहयोग के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। साथ ही यह राष्ट्रीय सुरक्षा और आपातकालीन तैयारियों के लिए ‘संपूर्ण राष्ट्र दृष्टिकोण’ (होल ऑफ नेशन अप्रोच) को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

 

बीकानेर मिलिट्री स्टेशन पर आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से 50 सिविल डिफेंस स्वयंसेवकों को सुरक्षा, जागरूकता, जीवन रक्षा और साइबर सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षित कर आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की सामूहिक तैयारियों को नई मजबूती प्रदान की गई।